गिनी में हल्द्वानी के सौरभ समेत 16 भारतीय बंधक, परिजनों ने लगाई सरकार से गुहार..

ख़बर शेयर करें

www. gkmnews

ADVERTISEMENTS Ad Ad
ख़बर शेयर करें

अफ्रीकी देश गिनी में कच्चा तेल चोरी के आरोप में नौसेना ने भारतीय जहाज में कार्यरत 26 युवकों को हिरासत में ले लिया है, जिसमे उत्तराखंड के दो युवक भी फंस गए है। हल्द्वानी के सौरभ स्वार और देहरादून के तनुज मेहता भी इस घटना में अफ्रीकी पुलिस के कब्जे में है।


ये दोनों ही एक कंपनी के शिप में कार्यरत हैं। शिप में इनके साथ अलग-अलग राज्यों के 16भारतीयों समेत 26 लोग सवार हैं , जिन्हें हिरासत में लिया गया है। वही पूरे मामले की सूचना ज़ब उनके घर मिली तो उनके परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है। हल्द्वानी के रहने वाले सौरभ स्वार के घर में उनकी पत्नी, माँ, पिताजी भाई है जो सरकार से सौरभ के साथ साथ नाइजीरिया में फसे सभी भारतीय युवकों की रिहाई की मांग कर रहे है।
वही सौरभ की पत्नी शोभा स्वार ने बताया की उनके पति सौरभ 8अगस्त को नाइजेरिया के लिए निकले जिसके बाद 14 अगस्त को नाइजेरिया की नौसेना ने उनकी शिप का पीछा किया और तेल चोरी का झूठा आरोप लगाते हुए उनके पति सहित 16 भारतीय लोगों को गिरफ्तार कर लिया।

क्यों बनाए गए हैं बंधक

पश्चिम अफ्रीका के गिनी में भारतीय मर्चेंट नेवी के साथ अन्य देशों के 26 क्रू मेंबर्स 3 महीने से बंधक हैं. उन पर कच्चे तेल के चोरी का आरोप लगा है. बंधक बनाए गए लोगों में 16 लोग शामिल हैं जिसमें हल्द्वानी के सौरभ और देहरादून के तनुज भी शामिल हैं जिनमें कानपुर के रोशन अरोड़ा भी शामिल हैं. रोशन मर्चेंट नेवी में असिस्टेंट ऑफिसर के पद पर कार्यरत हैं. बंधक बनाए जाने की सूचना के बाद से ही परिजन परेशान हैं. परिवार ने अधिकारियों के साथ ही प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और विदेश मंत्रालय से मदद की गुहार लगाई है.

मध्य अफ्रीका के पश्चिमी तट पर स्थित एक्वाटोरियल गिनी देश में भारतीय शिप के 26 मेंबर के क्रू में से 16 को गैगकानूनी तरीके से बंधक बनाया गया है. उन्होंने एक वीडियो के माध्यम से भारत सरकार से अपील की है कि उन्हें वहां से उन्हें छुड़ाया जाए. वीडियो में नाविकों ने कहा है कि भारतीय नॉर्वेजियन-फ्लैग्ड एमटी हीरोइक इडुन को एक्वाटोरियल गिनी नेवल शिप ने 12 अगस्त 2022 को अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग से अरेस्ट किया था.

नाविकों ने लगाई मदद की गुहार- हमें यहां से निकाला जाए
गिरफ्तारी के बाद उन्हें एक्वाटोरियल गिनी नेवल एस्कोर्ट पर लाया गया और उन्हें धमकी भी दी गई कि अगर उन्होंने उनके ऑर्डर नहीं माने तो उनके पोत और चालक दल के खिलाफ घातक कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने वीडियो जारी करते हुए स्टेटमेंट दिया कि हम एमटी हीरोइक इडुन के क्रू मेंबर्स हैं, हम रिक्वेस्ट करते हैं कि हमें यहां से निकाला जाए और भारत वापस ले जाया जाए. यहां हमें गैर कानूनी तरीके से 14 अगस्त 2022 से पकड़कर रखा गया है. उन्होंने आगे कहा कि क्रू में कुल 26 सदस्य थे जिनमें 16 भारतीय, 8 श्रीलंका से, 1 पोलिश और 1 फिलिपिनो के रहने वाले हैं.

सरकार कर रही वापस लाने की कोशिश


इस पूरे मामले में केंद्रीय राज्य विदेश मंत्री वी मुरलीधरन ने कहा है कि उन्हें इसकी जानकारी है. उन्होंने यह भी कहा कि वह भारतीयों को वापस लाने की पूरी कोशिश की जा रही है. उन्होंने बताया कि 15 क्रू मेंबर्स जिनमें 9 भारतीय शामिल हैं, उन्हें मलाबो में 14 अगस्त से बंधक बनाकर रखा हुआ है. बाकी 11 क्रू मेंबर्स में जिनमें 6 भारतीय शामिल हैं शिप पर छोड़ दिए गए थे. स्टेटमेंट में कहा गया है कि ‘शिप के मालिक, मैनेजर और क्रू मेंबर्स जांच में पूरी तरह से सहयोग दे रहे हैं. जिन क्रू मेंबर्स को किनारे पर छोड़ा गया है उनसे तीन बार पूछताछ की गई है.

मेंबर्स ने कहा कि उन्हें नाइजीरिया के कहने पर एक्वाटोरियल गिनी में गिरफ्तार किया गया है. शिप को नाइजीरिया से क्रूड ऑयल भरना था जो कि 8 अगस्त को शेड्यूल किया गया था. लेकिन लोडिंग ऑपरेशन डिले हो गया था और फिर किसी तरह का ऑपरेशन नहीं किया गया. 8 अगस्त की शाम को शिप के पास एक अज्ञात क्राफ्ट आया और उनसे कहा गया कि वह ऑर्डर फॉलो करें. क्राफ्ट ने बताया था कि वह नाइजीरिया नेवी से हैं.

वरिष्ठ पत्रकार कमल जगाती

Ad Ad Ad Ad Ad
लेटेस्ट न्यूज़ अपडेट पाने के लिए -

👉 Join our WhatsApp Group

👉 Subscribe our YouTube Channel

👉 Like our Facebook Page

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *