गैस किल्लत पर विपक्ष का हंगामा : जनता परेशान है और सरकार पल्ला झाड़ रही..

ख़बर शेयर करें

गैरसैंण / भराड़ीसैंण |

उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी भराड़ीसैंण (गैरसैंण) में चल रहे विधानसभा के बजट सत्र के पांचवें दिन रसोई गैस की किल्लत का मुद्दा जोरदार तरीके से गूंजा। प्रदेश में एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति और कालाबाजारी को लेकर विपक्ष ने सरकार को घेरते हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।

सुबह से ही कांग्रेस समेत विपक्षी दलों के विधायक विधानसभा की सीढ़ियों पर बैठकर धरना देते नजर आए। विपक्ष का आरोप है कि प्रदेश की जनता घरेलू गैस के लिए परेशान है, जबकि सरकार जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रही है।

सदन में गरमाया मुद्दा, 45 मिनट तक स्थगित रही कार्यवाही

विधानसभा सत्र के चौथे दिन भी एलपीजी आपूर्ति को लेकर सदन में तीखी नोकझोंक देखने को मिली। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य और कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह ने नियम 310 के तहत प्रदेश में गैस सिलेंडरों की कथित कालाबाजारी और जमाखोरी का मुद्दा उठाया।

इस पर विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी ने सरकार को एलपीजी की कालाबाजारी रोकने के लिए सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। हालांकि चर्चा को लेकर सरकार और विपक्ष के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि सदन की कार्यवाही करीब 45 मिनट तक स्थगित करनी पड़ी।

मंत्री के बयान से बढ़ा विवाद

सत्र दोबारा शुरू होने पर संसदीय कार्य मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि एलपीजी गैस की आपूर्ति केंद्र सरकार के अधिकार क्षेत्र में आती है, इसलिए इस विषय पर राज्य विधानसभा में चर्चा नहीं की जा सकती।

उन्होंने कहा कि मौजूदा अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के चलते केंद्र सरकार ने व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की आपूर्ति पर रोक लगाई है, जबकि घरेलू एलपीजी की कोई कमी नहीं है।

मंत्री के इस बयान के बाद विपक्ष भड़क उठा और इसे जनता की समस्याओं के प्रति सरकार की असंवेदनशीलता बताते हुए सदन में जोरदार हंगामा शुरू हो गया।

विपक्ष का आरोप “जनता त्रस्त, सरकार जिम्मेदारी से बच रही”

विपक्षी विधायकों ने आरोप लगाया कि देहरादून समेत प्रदेश के कई जिलों में गैस सिलेंडरों की भारी किल्लत है। लोगों को बुकिंग के कई दिन बाद भी सिलेंडर नहीं मिल पा रहा, जबकि कई स्थानों पर कालाबाजारी की शिकायतें सामने आ रही हैं।

विपक्ष का कहना था कि जब प्रदेश की जनता गैस संकट से जूझ रही है, तो सरकार ‘यह केंद्र का विषय है’ कहकर अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकती।

हल्द्वानी समेत कई शहरों में भी असर

कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों की कमी का असर होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पर भी साफ दिखाई दे रहा है। खासकर नैनीताल जिले और हल्द्वानी में लोगों को घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग से लेकर आपूर्ति तक भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

बताया जा रहा है कि कई जगह बुकिंग सर्वर बार-बार डाउन होने से उपभोक्ताओं को ऑनलाइन बुकिंग में भी परेशानी हो रही है, जिससे गैस आपूर्ति की पूरी श्रृंखला प्रभावित हो गई है।

लेटेस्ट न्यूज़ अपडेट पाने के लिए -

👉 Join our WhatsApp Group

👉 Subscribe our YouTube Channel

👉 Like our Facebook Page

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *