समाज के बेसहारा व गरीबों को बेहतर स्वास्थ सुविधा उपलब्ध कराने का व्रत ले भावी चिकित्सक- मुख्यमंत्री

ADVERTISEMENTS Ad Ad
ख़बर शेयर करें

 देहरादून [GKM news वरिष्ठ संवाददाता]प्रदेश में स्थापित किया जायेगा मेधावी छात्रों के लिये रेजिडेंसियल कालेज राज्य स्थापना दिवस पर आयोजित होगा भारत भारती समारोह, दिखायी जायेगी भारतीयता की झलकलघु भारत के रूप में है देहरादून की पहचान

     मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने भावी चिकित्सकों से समाज के गरीब एवं बेसहारा लोगों को बेहतर स्वास्थ सुविधा उपलब्ध कराने का अणु व्रत लेने की अपेक्षा की है। उन्होंने कहा कि राज्य में मुख्यमंत्री प्रतिभा सम्मान योजना के तहत प्रतिवर्ष 25 मेधावी छात्रों को उनकी आधी फीस की धनराशि वापस की जायेगी। उन्होंने कहा कि चिकित्सकों के प्रति लोगों का बड़ा विश्वास एवं भरोसा रहता है, उन्हें उस विश्वास व भरोसे को बनाये रखना होगा। 
     शुक्रवार को राजकीय दून मेडिकल कालेज के पहले वार्षिकोत्सव FORNIX-19 का शुभारम्भ करते हुए मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि दून मेडिकल कालेज में सभी आवश्यक सुविधायें उपलब्ध करायी जायेंगी। मेडिकल कालेज व मेडिकल चिकित्सालय आस पास हो इसके लिये मेडिकल कालेज को मण्डी स्थल पर और जगह उपलब्ध करायी जायेगी। उन्होंने सचिव, स्वास्थ शिक्षा को निर्देश दिये हैं कि दून मेडिकल कालेज में फेकल्टी अस्थायी के बजाय स्थायी हो इसके लिये प्रयास किये जाय। उन्होंने कहा कि स्थायी फेकल्टी मेडिकल छात्रों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने में अधिक मददगार रहेगी।
मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि देहरादून लघु भारत की तरह है। यहां पर देश भर के हजारों छात्र विभिन्न संस्थानो में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आगामी 9 नवम्बर को राज्य गठन के 19 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित होने वाले राज्य स्थापना दिवस पर देहरादून में वृहद भारत भारती कार्यक्रम का आयोजन किया जायेगा जिसमें देहरादून में रह रहे विभिन्न राज्यों के छात्र व अन्य लोग अपनी अपनी सांस्कृतिक गतिविधियों की प्रस्तुतियां देंगे ताकि राज्यों का वैशिष्टय यहा दिखाई दें, इसमें ‘हम सब एक है‘ तथा भारतीयता का बोध होगा। उन्होंने कहा कि विविधता में एकता हमारी पहचान है। राष्ट्र एक भौगोलिक व सांस्कृतिक इकाई होती है तभी भारत की पहचान बनती है। हमे अपने इस स्वरूप से भावी पीढ़ी को भी परिचित कराना होगा। 
मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि शीघ्र ही प्रदेश में एक रेजिंडेशियल कालेज की स्थापना की जायेगी जिसमें मेधावी छात्रों को कक्षा 6 से प्रतियोगिता के माध्यम से प्रवेश दिलाया जायेगा। इस कालेज में छात्रों को निशुल्क शिक्षा प्रदान करने के साथ ही उनके व्यक्तित्व विकास से सम्बन्धित विभिन्न गतिविधियों भी निशुल्क उपलब्ध करायी जायेगी। इसमें अमीरी गरीबी के हिसाब से नही बल्कि केवल छात्रों की प्रतिभा के बल पर प्रवेश दिया जायेगा। 
मुख्यमंत्री ने कहा कि सबको स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में पहल करने वाला उत्तराखण्ड पहला राज्य है जहां राशन कार्ड के आधार पर आम जनता का स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध करायी जा रही है। 
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कालेज की पहली वार्षिक पत्रिका का भी विमोचन किया। कार्यक्रम में प्रधानाचार्य दून मेडिकल डॉ. आशुतोष सयाना ने कालेज की गतिविधियों की जानकारी दी, तथा छात्रों द्वारा आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां दी गई

Ad Ad Ad Ad Ad
लेटेस्ट न्यूज़ अपडेट पाने के लिए -

👉 Join our WhatsApp Group

👉 Subscribe our YouTube Channel

👉 Like our Facebook Page